संवाददाता ए के सिंह
दिल्ली सड़क के बीच में गुरुद्वारा, दरगाह या मंदिर नहीं हो सकता... बुलडोजर जस्टिस पर सुप्रीम कोर्ट की खरी-खरी
सुप्रीम कोर्ट ने इस मामले में साफ कहा कि 'बुलडोजर से ध्वस्तीकरण और अतिक्रमण विरोधी अभियान के लिए उसके निर्देश सभी के लिए होंगे, चाहे वे किसी भी धर्म या समुदाय के हों।
अवमानना करने वालों से मुआवजा वसूलेंगे....
कोर्ट ने @JamiatUlama_in
की रिट पर सुनवाई के दौरान निर्देश दिया कि अगर कानून के मुताबिक एक्शन नहीं पाया गया तो पीड़ितों की संपत्ति वापस की जाएगी।इसका मुआवजा भी दोषी अधिकारियों से वसूला जाएगा।सुप्रीम कोर्ट ने बुलडोजर एक्शन के मामले में फैसला सुरक्षित रखने से पहले कहा कि हम एक धर्मनिरपेक्ष देश हैं और हमारी गाइडलाइन पूरे देश में सबके लिए होगी. चाहे वह मंदिर हो या दरगाह, उसे हटाना ही सही होगा, क्योंकि सार्वजनिक सुरक्षा सबसे पहले है।
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